मध्यप्रदेश में Road और Elevated Corridor की Planning को लेकर बड़ा बदलाव किया जा रहा है। अब सड़क चौड़ीकरण, Flyover और अन्य Infrastructure Projects की जरूरत केवल सामान्य Survey या अनुमान के आधार पर तय नहीं होगी। Peak Hour Traffic, Jam Duration, Road Capacity और Accident Data का Analysis कर परियोजनाओं की Planning की जाएगी। इसके लिए भोपाल, इंदौर, उज्जैन, रीवा, जबलपुर और ग्वालियर की परियोजनाओं से शुरुआत की जा रही है। Google Maps के Peak Hour Traffic Data सहित अन्य उपलब्ध आंकड़ों का इस्तेमाल कर यह पता लगाने की कोशिश होगी कि किस स्थान पर वास्तव में Road Widening या Flyover की जरूरत है। 💰 करोड़ों रुपये के Infrastructure खर्च के बाद अब सवाल यह है कि क्या Data-Based Planning से भविष्य में जाम और अनावश्यक निर्माण की समस्या कम होगी? ❓ इंदौर में आपके हिसाब से किस चौराहे पर सबसे पहले Flyover या Road Widening की जरूरत है? 💬 Comment में अपनी राय बताएं। 👍 Video Like और Share करें। 🔔 इंदौर और मध्यप्रदेश की Local एवं Public Interest खबरों के लिए Channel को Subscribe करें। 🤖 AI tools are used in editing. #IndoreNews #Indore #MPNews #MadhyaPradesh #RoadPlanning #Flyover #TrafficJam #RoadSafety #Infrastructure #TrafficData #Bhopal #Ujjain #Jabalpur #Gwalior #HindiNews #ReadersOpinion 🔑 5 KEY POINTS 💰 करीब 84 करोड़ रुपये खर्च के बाद Planning Process में बदलाव। 🚦 अब Peak Hour Traffic और Jam Data का Analysis। 🚧 Road Widening, Flyover और Elevated Corridor का फैसला Data के आधार पर। 📍 भोपाल, इंदौर, उज्जैन, रीवा, जबलपुर और ग्वालियर से शुरुआत। 📊 Google Maps सहित Traffic Data का उपयोग।
84 करोड़ खर्च के बाद बदलेगा Road Planning का तरीका! अब जाम-हादसों के Data से बनेंगे Flyover
