मध्य प्रदेश के बालाघाट में डॉ. सुनील कुमार सिंह पर कथित फर्जी MBBS डिग्री और मेडिकल पंजीयन के आधार पर सरकारी नौकरी करने का आरोप है। रिपोर्ट के अनुसार, उनकी नियुक्ति 2009 में संविदा पर हुई थी, 2012 में उन्हें नियमित किया गया और 2023 में वे BMO बने। राज्य स्तरीय जांच में डिग्री और मेडिकल पंजीयन कथित तौर पर फर्जी पाए जाने के बाद बिरसा थाना पुलिस में FIR दर्ज कराई गई है। अब मामले में नियुक्ति, नियमितीकरण, पदोन्नति और दस्तावेजों के सत्यापन की प्रक्रिया की जांच महत्वपूर्ण होगी। आपकी राय में, सरकारी नियुक्तियों में दस्तावेजों के सत्यापन और अधिकारियों की जवाबदेही को कैसे मजबूत किया जाना चाहिए? कमेंट में बताएं।
BALAGHAT FAKE MBBS DR. SUNIL KUMAR SINGH
